भारत भक्ति संस्थान

June 8th, 2007

बाबा को प्रबंधन के ढॉचे में बॉंधना मुश्किल है परन्तु उनके विचारों को तो बॉधा जा सकता है। वे विचारोंका ज्वार पैदा करते हैं और चल देते हैं। आज किसी देहात की चौपाल पर मिलेगे तो कल दुनियॉं के किसी दूसरे कोने में। ऐसे में उनके विचारों को मूर्त रूप देने के लिये उनके मित्रों ने भारतभक्ति संस्थान की स्थापना की है। जिसका मुख्य उद्देश्य विभिन्न माध्यमों का उपयोग करके दिलों में सुप्त पड़े राष्ट्रप्रेम को जाग्रत करना है। राष्ट्र जागरण की अनेक योजनाये इसके अंतर्गत विचाराधीन हैं।

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